Breaking News

पराली जलाने पर किसानो के विरूद्व लिखें गए झूठे मुकदमें लिए जायें वापिस

जिला कांग्रेस कमेटी ने जिलाधिकारी के माध्यम से राज्यपाल को भेजा ज्ञापन


उरई। जनपद के किसानो के खिलाफ पराली जलाने पर जो झूठें मुकदमें लिखे गए है एवं उनको जेल भेजा गया है उन किसानो के मुकदमें वापिस लेकर शीघ्र रिहा किया जायें। इसी के साथ अन्य तमाम मांगो के निराकरण के लिए जिलाधिकारी के माध्यम से राज्यपाल को ज्ञापन भेजा गया और निस्तारण कराए जाने की मांग की गई। 



जिला कांग्रेस कमेटी के जिलाध्यक्ष अनुज मिश्रा ने जिलाधिकारी डा.मन्नान अख्तर को दिए ज्ञापन में बताया कि किसानो के खेत से निकलने वाली पराली सरकार स्वयं खरीदे, जिससे किसानों को जलाना न पड़े। पर्यावरण में भी सुधार होगा और किसानों को भी लाभ होगा। किसानों को अपनी फसल का समर्थन मूल्य नहीं मिल रहा है। किसानों को समर्थन मूल्य दिया जायें। कांग्रेस शासित मप्र, राजस्थान, छत्तीसगढ़ में सरकारों द्वारा किसानों का ऋण माफी की गई है उसी प्रकार उप्र का में ऋण माफ किया जायें। कांग्रेस की न्याय योजना के तहत उप्र सरकार द्वारा 72 हजार रूपए प्रतिवर्ष किसानों को दिए जायें।


उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा किसानों की फसल सीधी खरीदी जायें, बिचौलियों के खिलाफ कार्यवाही की जायें। किसानों को सिंचाई हेतु टेल तक पानी पहुंचाने की व्यवस्था की जायें। जनपद के जो जरूरतमंद किसान है उनको फ्री टयूबबेल की सुविधा उपलब्ध कराई जायें। कृषि यंत्रों पर जीएसटी समाप्त की जायें। किसानो को उप्र प्रदेश में सबसे अधिक महंगी बिजली दी जा रहीं है, किसानों एवं जनता को अधिक बिल लगाकर बिजली दी जा रही है किसानों की आर्थिक स्थिति बिगड़ रहीं है बिजली के बिल गलत प्रकार से भुगतान देन से रोक लगाई जायें। इस मौके पर नि.अध्यक्ष रेहान सिददकी, अमित पांडेय, दीपांशु समाधिया, अशोक द्विवेदी, सुरेश दीक्षित, दिलीप राजपूत, सीताराम वर्मा, अखिलेश चौधरी, संतोष ठाकुर, नत्थू सिंह सेंगर, राजकुमार, रसीद बेग, राजेश प्रजापति, आशीष चतुर्वेदी, मैराज सिददकी आदि रहें। 


कोई टिप्पणी नहीं